नई दिल्ली( मूकसत्ता समाचार) एकल अभियान के अंतर्गत संचालित भारत लोक शिक्षा परिषद् द्वारा शिक्षित,स्वस्थ एवं स्वावलंबी राष्ट्र निर्माण के गौरवशाली 25 वर्ष पूर्ण होने पर मनाये जा रहें ‘रजत जयंती वर्ष’ के उपलक्ष्य में नई दिल्ली के पंजाबी बाग स्टेडियम (जन्माष्टमी पार्क) रिंग रोड पर 29 मार्च 2025 से 6 अप्रेल तक प्रतिदिन “एकल श्री राम कथा” का आयोजन होगा. नौ दिनों तक चलने वाली इस राम कथा में श्रद्धालु जन गुजरात के प्रसिद्ध कथा व्यास भाईश्री रमेश भाई ओझा जी के मुखारविंद से कथा का अमृतपान कर सकेंगे. यह जानकारी बुधवार को पंजाबी बाग स्टेडियम (जन्माष्टमी पार्क) में कथा आयोजन समिति द्वारा आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में भारत लोक परिषद के ट्रस्टी एवं एकल श्रीराम कथा के मुख्य संयोजक सुभाष अग्रवाल, ट्रस्टी विनीत कुमार गुप्ता लोहिया और नरेश कुमार, परिषद के राष्ट्रीय चेयरमेन एवं कथा संयोजक नीरज रायजादा एवं राष्ट्रीय प्रधान अखिल गुप्ता,उप प्रधान संजीव टेकड़ीवाल,राष्ट्रीय महामंत्री एवं सह संयोजक राजीव अग्रवाल, संयुक्त महामंत्री सुनील गुप्ता,कोषाध्यक्ष विजय गुप्ता और बृजमोहन अग्रवाल, राजेश गुप्ता, रमेश कानोडिया, दीप कुमार और मुक्तानन्द सहित अन्य गणमान्य महानुभावों ने दी. इस अवसर पर भव्य एकल श्रीराम मंदिर की आलोकित झाँकी और एकल प्रदर्शनी का आयोजन भी होगा,साथ ही लाइव एकल स्कूल, लाइव कंप्यूटर लैब और सभी आयामों की प्रदर्शनियाँ तथा कथा का हर एकल स्कूल में लाइव प्रसारण भी होगा.उल्लेखनीय है कि एकल अभियान को मजबूत करने के लिए एकल भारत लोक शिक्षा परिषद् लगातार सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रहा है.ग्रामीण एवं वनवासी बच्चों की शिक्षा के लिए समर्पित भाव से कार्य करने वाले समाज के दानवीर, प्रबुद्ध महानुभाव एवं शिक्षा प्रेमियों के सहयोग से आज देश के अधिकांश भागों में एकल विद्यालय संचालित हो रहे हैं. एकल अभियान देश में अग्रणी सामाजिक संगठन के रूप में करोड़ों गरीब ग्रामवासियों के शैक्षणिक एवं सामाजिक सशक्तिकरण हेतु समर्पित है I यह अभियान “एक गाँव, एक शिक्षक, एक विद्यालय” के सिद्धान्त पर संचालित हो रहा है.1988 में झारखण्ड में 60 विद्यालयों से शुरू हुआ ‘एकल अभियान’ आज लगभग 1 लाख से अधिकविद्यालयों तक पहुँच चुका है, जिसके माध्यम से लगभग 30 लाख बच्चे शिक्षा से प्रकाशित हो रहे हैं.एकल विद्यालय स्वामी विवेकानंद के इस वाक्य को चरितार्थ करता है जिसमें उन्होंने कहा था कि अगर बच्चे विद्यालय नहीं जा सकते तो विद्यालयों को बच्चों तक पहुंचना होगा. भारत के दूर-दराज के इलाकों में जनजातीय और ग्रामीण बच्चों को शिक्षा प्रदान करने, ग्रामीण सशक्तिकरण, लैंगिक और सामाजिक समानता स्थापित करने के लिए एकल अभियान ट्रस्ट को वर्ष 2017 के लिए भारत सरकार द्वारा प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी की उपस्थिति में तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द के हाथों प्रतिष्ठित “गाँधी शान्ति पुरस्कार” भी प्रदान किया गया है ।

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